मानवाधिकार कार्यकर्ता जसवंत सिंह खालड़ा के जीवन पर आधारित फ़िल्म ‘सतलुज’ को अब ओटीटी प्लेटफॉर्म से दुनियाभर से हटा लिया गया है.
इसका मतलब है कि अब यह फ़िल्म ओटीटी प्लेटफॉर्म Zee5 पर किसी भी देश में उपलब्ध नहीं होगी.
इस मामले में बीबीसी पंजाबी की अर्शदीप अर्शी ने फ़िल्म के निर्देशक हनी त्रेहन से संपर्क किया, उन्होंने इसकी पुष्टि की है.
तीन जुलाई को ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज़ होने के दो दिन बाद ही फ़िल्म को भारत में ज़ी5 प्लेटफॉर्म से हटा दिया गया था.
इस बीच, समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार, सरकारी सूत्रों ने शनिवार को बताया कि दिलजीत दोसांझ की फ़िल्म ‘सतलुज’ की सामग्री की जांच के लिए गठित समिति ने सिफारिश की है कि ऑनलाइन स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म पर इस फ़िल्म के प्रदर्शन पर रोक जारी रखी जाए, क्योंकि समिति का मानना है कि यह फ़िल्म कथित रूप से भारत की संप्रभुता और अखंडता के ख़िलाफ़ है.
