Etawah News: पत्रकार की खुली पोल: इटावा के कथित पत्रकार पर लगे, चार- चार 420 केस के दर्ज मुकदमें
रिपोर्ट एम एस वर्मा मनोज कुमार TTN 24 NEWS
इटावा: इटावा का एक ऐसा कथित पत्रकार, जो पत्रकारिता की आड़ में अपनी पहचान बनाने की कोशिश कर रहा है। इसके ऊपर 1 नहीं 2 नहीं 3 नहीं 4-4 420 के केस, वसूली, अश्लील वीडियो, सरकारी काम में बाधा, नकली दस्तावेज, नकली सिग्नेचर, रंगदारी, समेत कई गंभीर मामलों में मुकदमे दर्ज होने की बात सामने आ रही है। आज हम इसी कथित पत्रकार की पूरी पोल खोलने जा रहे हैं।
देखिए, जो बड़े-बड़े नेता ऐसे व्यक्ति को इंटरव्यू देते हैं, उनसे मेरी सीधी अपील है—पहले इसके इतिहास और पुलिस रिकॉर्ड के बारे में जानकारी लीजिए, फिर इंटरव्यू दीजिए।
नेताओं से सवाल है—आप पत्रकार को इंटरव्यू दे रहे हैं या उसके पीछे छिपे कथित आपराधिक इतिहास को नजरअंदाज कर रहे हैं?
अगर आपको इसके रिकॉर्ड की जानकारी नहीं है तो कोई बात नहीं, हम आपको इसके खिलाफ दर्ज मामलों और उपलब्ध रिकॉर्ड की जानकारी देंगे।
पत्रकारिता की पहचान कैमरा, माइक और आईडी से नहीं, बल्कि चरित्र और निष्पक्षता से होती है। इसलिए पहले इतिहास जानिए, फिर किसी को पत्रकार का मंच दीजिए।
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### 1\. थाना कोतवाली, इटावा
**मुकदमा अपराध संख्या:** 341/2020\
**धारा:** 388 IPC
**धारा 388 IPC:** किसी व्यक्ति को ऐसे अपराध के आरोप की धमकी देकर जबरन धन/संपत्ति आदि लेना, जो मृत्यु, आजीवन कारावास या 10 वर्ष तक के कारावास से दंडनीय हो।
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### 2\. थाना कोतवाली, इटावा
**मुकदमा अपराध संख्या:** 342/2020\
**धारा:** 386 IPC
**धारा 386 IPC:** किसी व्यक्ति को मृत्यु या गंभीर चोट के भय में डालकर जबरन वसूली (Extortion) करना। इस धारा में अधिकतम 10 वर्ष तक की सजा और जुर्माने का प्रावधान है।
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### 3\. थाना कोतवाली, इटावा
**मुकदमा अपराध संख्या:** 363/2020\
**धाराएँ:** 386/420/467/468 IPC
– **धारा 386 IPC:** मृत्यु या गंभीर चोट के भय में डालकर जबरन वसूली करना।
– **धारा 420 IPC:** धोखाधड़ी करके किसी व्यक्ति से संपत्ति दिलवाना अथवा संपत्ति/मूल्यवान वस्तु के संबंध में बेईमानी से प्रेरित करना।
– **धारा 467 IPC:** मूल्यवान प्रतिभूति, वसीयत अथवा कानून में निर्दिष्ट महत्वपूर्ण दस्तावेज की जालसाजी करना। यह गंभीर जालसाजी की धारा है।
– **धारा 468 IPC:** धोखाधड़ी करने के उद्देश्य से जाली दस्तावेज तैयार करना।
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### 4\. थाना कोतवाली, इटावा
**मुकदमा अपराध संख्या:** 526/2020\
**धारा:** 3(1) उत्तर प्रदेश गैंगस्टर अधिनियम
**धारा 3(1) — उत्तर प्रदेश गैंगस्टर अधिनियम:** गैंगस्टर के रूप में परिभाषित व्यक्ति के विरुद्ध इस अधिनियम के तहत अपराध का प्रावधान है। अधिनियम में सामान्यतः 2 वर्ष से कम नहीं और 10 वर्ष तक का कारावास तथा जुर्माने का प्रावधान है।
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### 5\. थाना फ्रेंड्स कॉलोनी, इटावा
**मुकदमा अपराध संख्या:** 63/2021\
**धाराएँ:** 384/386/420/467/468/471 IPC
इस मुकदमे में कुल 6 IPC धाराएँ हैं:
– **धारा 384 IPC:** जबरन वसूली करना।
– **धारा 386 IPC:** मृत्यु या गंभीर चोट के भय में डालकर जबरन वसूली करना।
– **धारा 420 IPC:** धोखाधड़ी एवं बेईमानी से संपत्ति दिलवाना।
– **धारा 467 IPC:** मूल्यवान प्रतिभूति, वसीयत आदि की गंभीर जालसाजी करना।
– **धारा 468 IPC:** धोखाधड़ी करने के उद्देश्य से जालसाजी करना।
– **धारा 471 IPC:** जाली दस्तावेज अथवा इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड को असली बताकर इस्तेमाल करना।
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### 6\. थाना बकेवर, इटावा
**मुकदमा अपराध संख्या:** 307/2020\
**धाराएँ:** 384/389/406/420/504/506 IPC
– **धारा 384 IPC:** जबरन वसूली करना।
– **धारा 389 IPC:** किसी व्यक्ति को गंभीर अपराध के आरोप की धमकी देकर जबरन वसूली करना या वसूली का प्रयास करना।
– **धारा 406 IPC:** आपराधिक न्यासभंग। अर्थात किसी को सौंपी गई संपत्ति या राशि का बेईमानी से दुरुपयोग करना या हड़पना।
– **धारा 420 IPC:** धोखाधड़ी करके संपत्ति प्राप्त करना या किसी व्यक्ति को संपत्ति देने के लिए बेईमानी से प्रेरित करना।
– **धारा 504 IPC:** जानबूझकर अपमान करना, इस आशय से कि उससे शांति भंग होने की संभावना हो।
– **धारा 506 IPC:** आपराधिक धमकी देना।
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### 7\. थाना सिविल लाइन, इटावा
**मुकदमा अपराध संख्या:** 251/2020
**धाराएँ:**\
**186/189/269/270/388/420/467/468/471 IPC**\
साथ में **धारा 67 IT Act**, **धारा 3 महामारी अधिनियम**, तथा **धारा 51/57 आपदा प्रबंधन अधिनियम**।
#### IPC की धाराएँ
– **धारा 186 IPC:** सरकारी कर्मचारी को उसके सरकारी कार्य के निर्वहन में बाधा डालना।
– **धारा 189 IPC:** लोक सेवक को चोट या हानि की धमकी देना।
– **धारा 269 IPC:** लापरवाही से ऐसा कार्य करना जिससे जीवन के लिए खतरनाक संक्रामक बीमारी फैलने की संभावना हो।
– **धारा 270 IPC:** दुर्भावनापूर्ण तरीके से ऐसा कार्य करना जिससे जीवन के लिए खतरनाक संक्रामक बीमारी फैलने की संभावना हो।
– **धारा 388 IPC:** गंभीर अपराध के आरोप की धमकी देकर जबरन वसूली करना।
– **धारा 420 IPC:** धोखाधड़ी एवं बेईमानी से संपत्ति दिलवाना।
– **धारा 467 IPC:** मूल्यवान प्रतिभूति, वसीयत आदि की जालसाजी करना।
– **धारा 468 IPC:** धोखाधड़ी के उद्देश्य से जालसाजी करना।
– **धारा 471 IPC:** जाली दस्तावेज को असली बताकर इस्तेमाल करना।
#### अन्य अधिनियमों की धाराएँ
– **धारा 67 IT Act, 2000:** इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से अश्लील सामग्री प्रकाशित या प्रसारित करने से संबंधित प्रावधान।
– **धारा 3, महामारी रोग अधिनियम, 1897:** इस अधिनियम के अंतर्गत बनाए गए नियम/आदेश के उल्लंघन से संबंधित दंड प्रावधान।
– **धारा 51, आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005:** आपदा प्रबंधन संबंधी सरकारी कार्य/आदेश में बाधा आदि से संबंधित दंड प्रावधान।
– **धारा 57, आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005:** अधिनियम के तहत संसाधन या संपत्ति की मांग/अधिग्रहण संबंधी आदेश के उल्लंघन से संबंधित दंड प्रावधान।
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### 8\. थाना सिविल लाइन, इटावा
**मुकदमा अपराध संख्या:** 346/2015\
**धाराएँ:** 323/504/506 IPC
– **धारा 323 IPC:** स्वेच्छा से किसी व्यक्ति को चोट पहुँचाना।
– **धारा 504 IPC:** जानबूझकर अपमान करके शांति भंग के लिए उकसाना।
– **धारा 506 IPC:** आपराधिक धमकी देना।
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जिसकी कथित करतूतों ने हदें पार कर दी हों, जो झूठी खबरों और वसूली के आरोपों से जुड़े कई मुकदमों में नामजद रहा हो, वह आज AI से बनाई तस्वीरों के जरिए यह आजकल अपना पूर्ण रूप दिखा रहा है, शेर की खाल में भेड़िया है यह तस्वीर बदलने से पुराने आरोप, मुकदमे और सार्वजनिक रिकॉर्ड नहीं बदल जाते।
