सुनील गुप्ता फतेहपुर यूपी
फतेहपुर में 68 करोड़ की फर्जी GST बिलिंग का खुलासा, तीन आरोपी गिरफ्तार
फर्जी दस्तावेजों से बनाई जाती थीं शेल कंपनियां, बैंक खातों का होता था इस्तेमाल
GST फ्रॉड के मास्टरमाइंड संजय अग्रवाल उर्फ संजय लाला की तलाश में जुटी पुलिस
फतेहपुर में जीएसटी विभाग की शिकायत पर दर्ज 68 करोड़ रुपये के फर्जी लेन-देन के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। थाना बिंदकी में दर्ज मुकदमे की विवेचना के दौरान इलेक्ट्रॉनिक और अभिलेखीय साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि जरूरतमंद लोगों को कमीशन का लालच देकर उनके आधार कार्ड, पैन कार्ड, बैंक खाते, हस्ताक्षरित चेक और सिम कार्ड हासिल किए जाते थे। इन्हीं दस्तावेजों के जरिए फर्जी फर्में और बैंक खाते खोलकर GST बिलिंग और ITC फ्रॉड का खेल चलाया जा रहा था।
फतेहपुर के बिंदकी थाना क्षेत्र से सामने आया यह मामला बड़े पैमाने पर फर्जी जीएसटी बिलिंग से जुड़ा है। जीएसटी विभाग में उपायुक्त कर के पद पर कार्यरत श्रीमती शैवालिनी सिंह की तहरीर पर थाना बिंदकी में मु0अ0सं0 111/2026, धारा 318(2) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था।
मामले में RS Traders नामक फर्म के जरिए करीब 68 करोड़ रुपये के लेन-देन, फर्जी GST और ई-वे बिल तथा फर्म के भौतिक रूप से अस्तित्व में न होने की शिकायत सामने आई थी।
विवेचना के दौरान पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक और अभिलेखीय साक्ष्यों के आधार पर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अरविंद श्रीवास्तव निवासी उन्नाव, विवेक शुक्ला उर्फ संजय शुक्ला निवासी कानपुर नगर और दीपू गुप्ता उर्फ संजीव कुमार गुप्ता निवासी कानपुर नगर के रूप में हुई है।
पुलिस पूछताछ में कथित तौर पर सामने आया कि विवेक शुक्ला और दीपू गुप्ता जरूरतमंद तथा किराये के मकानों में रहने वाले लोगों को मासिक कमीशन देने का लालच देकर उनके महत्वपूर्ण दस्तावेज हासिल करते थे।
इन दस्तावेजों के आधार पर JSR Sales समेत अन्य नामों से फर्जी अथवा शेल फर्में और बैंक खाते खोले जाते थे। पुलिस के मुताबिक इन फर्जी फर्मों और बैंक खातों का इस्तेमाल फर्जी GST बिलिंग और ITC फ्रॉड के लिए किया जाता था।
जांच में मुख्य सरगना के तौर पर संजय अग्रवाल उर्फ संजय लाला का नाम सामने आया है। पुलिस के अनुसार अवैध गतिविधि से प्राप्त कमीशन की रकम आरोपियों के बीच बांटी जाती थी।
फिलहाल पुलिस मुख्य सरगना संजय अग्रवाल उर्फ संजय लाला के संबंध में साक्ष्य जुटा रही है। साथ ही अन्य संलिप्त व्यक्तियों, फर्जी फर्मों और बैंक खातों के संबंध में भी जानकारी एकत्र की जा रही है।
गिरफ्तार तीनों आरोपियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है।
