भारी पुलिस बल और क्षेत्रीय विधायक की उपस्थिति में कुलदीप निषाद का अंतिम संस्कार पैतृक गांव में किया गया
बहराइच। भारी पुलिस बल और क्षेत्रीय विधायक आनंद यादव की मौजूदगी में सोमवार दोपहर कुलदीप निषाद का उनके पैतृक गांव गोड़ाहिया नंबर 1 में अंतिम संस्कार कर दिया गया है। अंतिम संस्कार के दौरान गांव में काफी तनाव और गमगीन माहौल रहा। मृतक के परिजनों ने कैसरगंज पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया है कि कुलदीप का अपहरण कर हत्या की गई है, लेकिन पुलिस शुरुआत से ही मामले को टालती रही और उनकी गुहार अनसुनी करती रही।
घटना की जानकारी मिलते ही विकासशील इंसान पार्टी के जिला प्रभारी अनिल निषाद और जिला सह प्रभारी विनेश निषाद पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ पीड़ित परिवार के बीच पहुंचे और परिजनों को ढांढस बंधाया। वीआईपी पार्टी के जिला प्रभारी अनिल निषाद ने सख्त रुख अपनाते हुए कहा, “वीआईपी पार्टी इस दुख की घड़ी में पीड़ित परिजनों के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है। जब तक कुलदीप के हत्यारों और दोषियों पर कड़ी कानूनी कार्यवाही नहीं हो जाती, तब तक यह लड़ाई जारी रहेगी।” उन्होंने पुलिस और प्रशासन के उच्च अधिकारियों से वार्ता कर मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। जानकारी के मुताबिक जिले के कैसरगंज थाना क्षेत्र के ग्राम गोड़ाहिया नंबर 1 निवासी 22 वर्षीय कुलदीप निषाद 2 अक्टूबर की सुबह करीब 8 बजे गन्ने के खेत में पत्ती काटने निकला था। काफी देर तक वापस न आने पर परिजनों और ग्रामीणों ने खेत और पास में बह रहे घाघरा के नाले में तलाश की, लेकिन सुराग नहीं मिला। पुलिस ने खेत के पास बह रहे घाघरा के नाले में डूबने की आशंका जताकर एसडीआरएफ को सूचित किया। 36 घंटे बाद 3 अक्टूबर की शाम एसडीआरएफ ने नाले से कुलदीप का शव बरामद किया। मृतक के पिता चेतराम ने बताया कि कुलदीप के शरीर पर चोट के स्पष्ट निशान थे। पिता का कहना है कि हम लगातार पुलिस से कह रहे थे कि बेटे का अपहरण कर लिया गया है और हमारी निशानदेही पर छापेमारी की जाए, लेकिन पुलिस ने हमारी बात नहीं सुनी। हत्यारों के खिलाफ नामजद तहरीर देने के बावजूद एफआईआर दर्ज नहीं की गई। इसी आक्रोश में रविवार शाम पोस्टमार्टम के बाद शव पहुंचते ही परिजनों और ग्रामीणों ने कैसरगंज में लखनऊ-बहराइच हाईवे स्थित बगद्वारापुर चौराहे पर चक्काजाम कर दिया। जिससे करीब एक घंटे तक आवागमन बाधित रहा। सूचना मिलते ही पुलिस क्षेत्राधिकारी कैसरगंज डीके श्रीवास्तव ने भारी फोर्स के साथ मौके पर पहुंचकर निष्पक्ष जांच का आश्वासन देकर जाम खुलवाया। थाना प्रभारी कैसरगंज राजकुमार पांडे का कहना है कि 2 अक्टूबर को गुमशुदगी दर्ज कर छानबीन की जा रही थी। 3 अक्टूबर को शव पानी में मिला, जिसका पोस्टमार्टम कराया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में डूबने से मृत्यु की पुष्टि हुई है
बहराइच से beuroचीफ शिव कुमार वर्मा की रिपोर्ट
