सुनील गुप्ता फतेहपुर यूपी
*फतेहपुर से उठी ‘गो सम्मान’ की बुलंद आवाज: 10 लाख हस्ताक्षरों के साथ राष्ट्रपति-प्रधानमंत्री को भेजा गया ज्ञापन*
देशव्यापी अभियान के दूसरे चरण में 15 करोड़ से अधिक नागरिकों का समर्थन; गोहत्या-निषेध के लिए केंद्रीय कानून, गोमाता को राष्ट्रमाता का सम्मान और केंद्रीय गो मंत्रालय की मांग तेज
फतेहपुर
गोमाता की सेवा, सुरक्षा एवं सम्मान सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से चल रहे ‘गो सम्मान आह्वान अभियान’ के द्वितीय चरण के अंतर्गत सोमवार को फतेहपुर सहित देशभर के सभी जिलों में जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, संबंधित राज्यों के राज्यपाल एवं मुख्यमंत्रियों के नाम हस्ताक्षरयुक्त प्रार्थना-पत्र एवं ज्ञापन सौंपे गए। अभियान के तहत गोहत्या-निषेध के लिए केंद्रीय कानून बनाने, गोमाता को राष्ट्रमाता का सम्मान देने, केंद्रीय गो मंत्रालय की स्थापना सहित 30 से अधिक प्रमुख मांगें सरकार के समक्ष रखी गईं।
- अभियान के प्रतिनिधियों के अनुसार पिछले लगभग छह माह से देशभर में संत-महात्माओं, गौसेवकों एवं गोभक्तों के नेतृत्व में व्यापक जनजागरण और हस्ताक्षर अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के प्रथम चरण में 27 अप्रैल 2026 को देश की लगभग पांच हजार तहसीलों के माध्यम से पांच करोड़ से अधिक नागरिकों के हस्ताक्षरों सहित ज्ञापन सरकार को भेजा गया था। मांगों पर अपेक्षित निर्णय नहीं होने के कारण दूसरे चरण में देशभर के सभी जिलों से 15 करोड़ से अधिक नागरिकों के हस्ताक्षरों के साथ अनुस्मारक प्रार्थना-पत्र प्रेषित किए गए।
फतेहपुर जनपद से भी लगभग 10 लाख नागरिकों के हस्ताक्षरों सहित प्रार्थना-पत्र जिलाधिकारी के माध्यम से भारत सरकार को भेजा गया। कार्यक्रम का शुभारंभ शुभ मुहूर्त में गोमाता के पूजन, शंखनाद तथा ‘श्री राम जय राम जय जय राम’ विजय मंत्र के सामूहिक जप के साथ हुआ। इसके बाद गोभक्तों ने झंडे, बैनर, अभियान संदेशों वाले प्लेकार्ड और भजन-कीर्तन के साथ शांतिपूर्ण एवं अनुशासित प्रार्थना-यात्रा निकालते हुए जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा।
प्रार्थना-यात्रा में भगवान श्रीकृष्ण-बलराम के स्वरूप, गोमाता की झांकी तथा अभियान के अंतर्गत संकलित हस्ताक्षरों का प्रतीकात्मक प्रदर्शन भी किया गया। इसके बाद संत-महात्माओं, जिला कार्यकारिणी, विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों के प्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर सरकार से शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की मांग की।
अभियान के प्रतिनिधियों ने कहा कि गोमाता केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, कृषि, पर्यावरण, ग्राम्य अर्थव्यवस्था और जनकल्याण का महत्वपूर्ण आधार है। उन्होंने कहा कि गोमाता की सेवा, सुरक्षा और सम्मान से जुड़ी सभी मांगों पर सरकार को जल्द निर्णय लेना चाहिए। साथ ही स्पष्ट किया कि यह अभियान पूर्णतः शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से संचालित किया जा रहा है और जनभावनाओं के अनुरूप निर्णय होने तक चरणबद्ध ढंग से आगे भी जारी रहेगा।

कार्यक्रम में जिले के संत-महात्मा, विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों के प्रतिनिधि, मातृशक्ति, युवा, किसान, व्यापारी, जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में गोभक्त उपस्थित रहे। अभियान के जिला प्रेस प्रभारी धर्मेंद्र सिंह जनसेवक ने कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि जनसमर्थन लगातार बढ़ रहा है और अभियान अपने अगले चरण की ओर अग्रसर है।
